कर्णप्रयाग(अंकित तिवारी): डॉ. शिवानंद नौटियाल राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय, कर्णप्रयाग में नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) और उत्तराखंड उच्च शिक्षा की गौरव योजना के तहत चार दिवसीय वित्तीय साक्षरता कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। कार्यक्रम के द्वितीय दिवस में भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (SEBI) के प्रमाणित प्रशिक्षक गौरव पटेल ने छात्रों को म्यूचुअल फंड्स की बारीकियों से अवगत कराया।
म्यूचुअल फंड्स: निवेश का सटीक मार्गदर्शन
गौरव पटेल ने म्यूचुअल फंड्स के बुनियादी सिद्धांतों, विभिन्न प्रकारों, निवेश रणनीतियों, परिसंपत्ति आवंटन, खरीद एवं रिडीमिंग प्रक्रियाओं, सिस्टेमेटिक इन्वेस्टमेंट प्लान (SIP), कर दायित्वों, पोर्टफोलियो प्रबंधन तथा एन.आई.एस.एम. (NISM) और फ्रैंकलिन टेंपलटन सागा जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत चर्चा की। उन्होंने बताया कि ए.एम.एफ.आई (AMFI) में पंजीकरण कराने से व्यक्ति वित्तीय क्षेत्र में प्रमाणित सलाहकार बन सकता है, जिससे उसे न केवल स्वयं के लिए बल्कि अन्य निवेशकों को भी सही वित्तीय मार्गदर्शन देने का अवसर मिलता है।
उन्होंने कहा कि एक प्रमाणित वित्तीय सलाहकार बनने से न केवल करियर के नए अवसर खुलते हैं, बल्कि व्यक्ति अर्थव्यवस्था में भी सकारात्मक योगदान दे सकता है। उन्होंने छात्रों को प्रोत्साहित करते हुए कहा कि म्यूचुअल फंड्स में सही निवेश की समझ होने से न केवल आपका वित्तीय भविष्य सुरक्षित रहेगा, बल्कि यह आपको आत्मनिर्भर भी बनाएगा।
वित्तीय साक्षरता: सुरक्षित भविष्य की कुंजी
कार्यक्रम के प्रोजेक्ट गौरव समिति के नोडल अधिकारी डॉ. हरीश चंद्र रतूड़ी ने कहा कि वित्तीय साक्षरता केवल एक शैक्षिक विषय नहीं, बल्कि यह भविष्य को सुरक्षित करने का एक महत्वपूर्ण साधन है। उन्होंने कहा कि म्यूचुअल फंड्स जैसी योजनाओं की सही जानकारी और समझ से छात्र अपने वित्तीय लक्ष्यों को प्रभावी ढंग से पूरा कर सकते हैं।
कार्यक्रम में समिति के सदस्य डॉ. रविंद्र कुमार, डॉ. हिना नौटियाल, डॉ. दीप सिंह, डॉ. तरुण कुमार, डॉ. भरत बैरवान, डॉ. शालिनी सैनी सहित डॉ. चंद्रावती टम्टा, डॉ. दिशा शर्मा, डॉ. हरीश बहुगुणा, डॉ. मदनलाल शर्मा, डॉ. मृगांक मलासी आदि प्राध्यापक उपस्थित रहे।
कार्यक्रम में छात्रों ने वित्तीय योजनाओं पर गहरी रुचि दिखाई और प्रशिक्षक से सवाल-जवाब कर अपनी जिज्ञासाओं का समाधान किया। आगामी सत्रों में भी शेयर बाजार, बीमा, बैंकिंग और वित्तीय प्रबंधन से जुड़े विषयों पर विशेषज्ञों द्वारा विस्तृत चर्चा की जाएगी।
इस वित्तीय साक्षरता कार्यक्रम के माध्यम से विद्यार्थियों को स्मार्ट निवेशक बनने और आर्थिक रूप से सशक्त बनने की दिशा में महत्वपूर्ण मार्गदर्शन मिल रहा है।