कर्णप्रयाग(अंकित तिवारी) : डॉ. शिवानंद नौटियाल राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय, कर्णप्रयाग में छात्र-छात्राओं के उज्ज्वल भविष्य को दिशा देने हेतु एक प्रेरणादायक करियर काउंसलिंग कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. रामवतार सिंह, करियर काउंसलिंग सेल की संयोजक डॉ. कविता पाठक, प्रो. भारती सिंघल, हिमालयन यूनिवर्सिटी के करियर विशेषज्ञ प्रतीक बुटोला, प्रशांत साही तथा विषय विशेषज्ञों द्वारा दीप प्रज्वलन के साथ किया गया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्राचार्य प्रो. रामवतार सिंह ने कहा कि सही करियर चयन न केवल आर्थिक सशक्तिकरण, बल्कि जीवन को उद्देश्यपूर्ण बनाने का माध्यम भी है।
कार्यशाला की शुरुआत स्वामी राम हिमालय यूनिवर्सिटी के व्याख्याता प्रशांत साही के व्याख्यान से हुई। उन्होंने इंटरनेट के सकारात्मक उपयोग से करियर निर्माण के अवसरों पर प्रकाश डाला, साथ ही इसके दुरुपयोग से उत्पन्न होने वाली समस्याओं और व्यसनों के प्रति भी छात्र-छात्राओं को सचेत किया।
बैंकिंग क्षेत्र के विशेषज्ञ एवं एसबीआई प्रबंधक सचिंद्र सिंह खत्री ने बैंकिंग क्षेत्र में करियर की संभावनाओं, आवश्यक योग्यताओं और प्रतियोगी परीक्षाओं की विस्तृत जानकारी देते हुए छात्रों को प्रेरित किया।
वनस्पति विज्ञान विभाग के डॉ. इंद्रेश कुमार पांडेय ने केंद्र एवं राज्य सरकार के विभिन्न विभागों में रोजगार के अवसरों के साथ-साथ भाषाई कौशल और स्वरोजगार के महत्व को रेखांकित किया।
उद्यमिता कार्यक्रम के नोडल अधिकारी डॉ. हरीश बहुगुणा ने अपने संबोधन में उत्तराखंड में स्थानीय स्तर पर रोजगार सृजन की संभावनाओं पर प्रकाश डालते हुए बताया कि सरकार भी युवाओं को आर्थिक सहयोग देकर उद्यमिता को बढ़ावा दे रही है।
वाणिज्य विभाग के डॉ. तरुण कुमार आर्य ने छात्रों को प्रेरित करते हुए कहा कि “डिग्री केवल एक साधन है, असली लक्ष्य आपके सपनों को साकार करना होना चाहिए।” उन्होंने समय रहते तैयारी और लक्ष्य निर्धारण की आवश्यकता पर जोर दिया।
कार्यक्रम में करियर काउंसलिंग सेल की नोडल अधिकारी डॉ. कविता पाठक ने स्नातक एवं स्नातकोत्तर के बाद उपलब्ध रोजगार और करियर विकल्पों की विस्तृत जानकारी दी।
कार्यक्रम के अंत में डॉ. हरीश चन्द्र रतूड़ी ने सभी अतिथियों एवं प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया, जबकि संचालन डॉ. मदन लाल शर्मा ने किया।
इस अवसर पर डॉ. नेहा तिवारी, डॉ. प्रमिला सहित महाविद्यालय के समस्त प्राध्यापक, कर्मचारी, पत्रकार दीपक एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
यह कार्यशाला छात्रों के लिए न केवल मार्गदर्शन का मंच बनी, बल्कि उनके भविष्य को नई दिशा देने वाली प्रेरणा भी साबित हुई।





