डोईवाला(अंकित तिवारी)। शहीद दुर्गामल्ल राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय, डोईवाला में योग एवं आत्मरक्षा दिवस के अवसर पर विविध कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में योगाभ्यास, नशामुक्ति जागरूकता, संकल्प, नुक्कड़ नाटक तथा आत्मरक्षा की बुनियादी एवं सुरक्षित तकनीकों का प्रदर्शन कर विद्यार्थियों को स्वस्थ जीवनशैली और सामाजिक जिम्मेदारी का संदेश दिया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि उच्च शिक्षा निदेशक डॉ. आनंद सिंह उनियाल ने दीप प्रज्वलित कर किया। महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. देवेश भट्ट ने अतिथियों का स्वागत करते हुए कार्यक्रम के उद्देश्यों पर प्रकाश डाला। छात्र-छात्राओं ने सरस्वती वंदना और स्वागत गीत प्रस्तुत किए। वहीं, अजीम प्रेमजी फाउंडेशन से नाट्य प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे विद्यार्थियों ने नशे के दुष्प्रभावों पर आधारित प्रभावशाली नुक्कड़ नाटक के माध्यम से नशामुक्त समाज का संदेश दिया।
मुख्य अतिथि डॉ. आनंद सिंह उनियाल ने अपने संबोधन में कहा कि नशा व्यक्ति के साथ-साथ पूरे समाज पर नकारात्मक प्रभाव डालता है। युवाओं को नशे से दूर रहकर समाजसेवा, सकारात्मक सोच और रचनात्मक गतिविधियों में योगदान देना चाहिए। उन्होंने कहा कि समाज के विकास के लिए जागरूक, संवेदनशील और सक्रिय युवा शक्ति की आवश्यकता है।
उन्होंने अपने जीवन में 152 बार रक्तदान करने का उल्लेख करते हुए विद्यार्थियों को भी रक्तदान और जनसेवा के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम के अंत में उन्होंने नशामुक्ति का संदेश देते हुए उपस्थित छात्र-छात्राओं को नशे से दूर रहने तथा समाज में इसके प्रति जागरूकता फैलाने की शपथ दिलाई।
कार्यक्रम के आयोजक डॉ. शिवकुमार लाल ने विभिन्न गतिविधियों की रूपरेखा प्रस्तुत की। कार्यक्रम का संचालन डॉ. अंजली वर्मा ने किया।
इस अवसर पर डॉ. बल्लरी कुकरेती, शारीरिक शिक्षा प्रवक्ता डॉ. पूनम रावत, योगाचार्य अमित नेगी, अजीम प्रेमजी फाउंडेशन के श्री गणेश बलूनी, नशामुक्ति समिति की सदस्य डॉ. पूनम भूषण, डॉ. चंद्रावती टम्टा, डॉ. गुलनाज फातिमा, डॉ. पुष्पा नेगी सहित महाविद्यालय के प्राध्यापक, कर्मचारी और छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।








